प्रीमियम ट्रेन और समस्या

सीमित रूप से आर्थिक रूप से सक्षम यात्रियों को राजधानी जैसी सुविधाओं से युक्त ट्रेन के संचालन के साथ बेहतर सेवाएं देने के उद्देश्य के साथ २०१३ में शुरू की गयी भारतीय रेलवे की प्रीमियम ट्रेन सेवा शुरुवाती परीक्षणों में बहुत सफल रही थी जिसके बाद केंद्र में सरकार बदलने के बाद उन नीतियों पर संभवतः पुनर्विचार किया गया कि रेलवे की आमदनी को बढ़ाने में इन प्रीमियम ट्रेनों का उपयोग किस तरह से किया जा सकता है. इस मामले में संभवतः रेल मंत्री के सामने केवल लाभ के आंकड़े…

Read More

पराली और प्रदूषण

हमारे देश में महत्वपूर्ण मुद्दों की तरफ ध्यान न देना अपने आप में एक बड़ी समस्या बनता जा रहा है क्योंकि इस वर्ष मानसून के अन्तिम चरण में पहुँच जाने और उत्तर भारत के खेतों में धान की कटाई के बाद उसकी पराली को सही तरह से उपयोग करने के लिए जो भी कोशिशें पिछले वर्ष की गयी थीं उनके कोई सकारात्मक परिणाम सामने आते नहीं दिखाई दे रहे हैं. आज एक बार फिर से उत्तर भारत की हवाओं में इस पराली के खेतों में जलाये जाने के चलते प्रदूषण…

Read More

पश्चिमी घाट – पर्यावरण और विकास

                                                               देश के सबसे घने जंगलों, सुंदरता और जैव विविधता के लिए विख्यात पश्चिमी घाट के नाम से प्रसिद्द क्षेत्रों में विकास की गतिविधियों पर जिस तरह से राजनीति की जा रही है उससे अंत में आने वाले समय में देश के पर्यावरण पर ही बुरा असर पड़ने वाला है. किसी भी देश के बेहतर विकास के लिए वहां के संसाधनों का भरपूर और उचित दोहन आवश्यक होता है पर भारत में सक्रिय वैश्विक औद्योगिक लॉबी की मंशाओं के चलते जिस तरह से उद्योगों को प्रश्रय देने वाली वर्तमान केंद्र…

Read More