कैशलेस “भीम” और आम लोग

विमुद्रीकरण के बाद हर तरह के व्यापार और लेनदेन में नकद को लेकर आने वाली समस्या से निपटने के लिये जिस तरह से सरकार ने कदम उठाने शुरू किये वे अपने आप में देश के कैशलेश होने के इच्छुक उस बड़े हिस्से के लिए सही दिशा में कहे जा सकते हैं पर ये कदम जिस तरह से उलटी तरह से उठाये जा रहे हैं संभवतः उससे ही इनकी कार्यक्षमता पर कुप्रभाव पड़ रहा है. देश में नेट बैंकिंग और कार्ड्स के माध्यम से कैशलेश होने का क्रम बहुत पहले ही…

Read More

अरुणाचल का राजनैतिक भ्रम

                                     छोटे राज्य निश्चित तौर पर विकास का पैमाना मायने जा सकते है पर जिस तरह से राजनैतिक अस्थिरता के लिए भारत के छोटे राज्य निरंतर ही पुराने स्थापित राजनैतिक मानदंडों की अवहेलना करते जा रहे हैं उससे आने वाले समय में देश की राष्ट्रीय राजनीति पर पड़ने वाले असर को नकारा नहीं जा सकता है. पिछले वर्ष शुरू हुए अरुणाचल संकट के बाद जिस तरह से राजनैतिक घटनाक्रम लगातार बदल रहे हैं और कल उसकी जो परिणीति हुई है वह किसी भी तरह से सही नहीं कही जा सकती…

Read More

डिजिटल इंडिया की कमज़ोर बुनियाद

डिजिटल इंडिया के आधिकारिक ट्विटर हैंडल से जिस तरह से कश्मीरियों को गोली मारने वाली एक कविता को शेयर किया गया उसके बाद सबसे बड़ा सवाल यही उठता है कि अपने को मज़बूत कहने वाले पीएम मोदी के मंत्रालय इस तरह की हरकत करके आखिर अपनी ही सरकार और पीएम मोदी को कमज़ोर साबित करके असहज स्थिति क्यों पैदा करते रहते हैं. संघ और राहुल गांधी के विवाद में भी आकाशवाणी की तरफ से ऐसा ही राजनैतिक ट्वीट किया गया था जिस पर हंगामा होने के बाद उसे भी इस…

Read More