सेना और राजनैतिक समझ

देश की आज़ादी के बाद से ही जिस तरह से महत्वपूर्ण मामलों में सेना की तरफ से सीधे बयान देने के अतिरिक्त किसी अन्य मसले पर कुछ भी बोलने पर के तरह से अघोषित रूप से राजनैतिक समझ बनी हुई थी और उस पर सरकार के साथ विपक्षी दल भी सहमत ही रहा करते थे अब उस स्थिति में व्यापक बदलाव दिखाई दे रहा है जिसके चलते सेना को जहाँ विभिन्न मुद्दों पर बोलने की छूट मिली है वहीं उस पर विपक्षी दलों की तरफ से राजनैतिक हमलों में भी…

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तीन तलाक़

मुसलमानों में तीन तलाक़ की स्थिति को लेकर जिस तरह से हर पक्ष अपनी अपनी बातों को लेकर स्पष्टीकरण देने में लगा हुआ है उससे यही लगता है कि यह पूरा मामला इस्लाम में मुस्लिम महिलाओं के अधिकारों से सम्बंधित होते हुए भी कानूनी उलझनों और बिना बात के बयानों में उलझता जा रहा है. किसी भी देश में नागरिकों को मिले मौलिक अधिकार संविधान द्वारा प्रदत्त हैं और भारतीय संविधान लिंग, धर्म, जाति, भाषा और नस्ल के आधार पर किसी भी भेदभाव के खिलाफ अपनी मंशा दिखाता है पर…

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कश्मीर – मोदी को नयी चुनौती

लम्बे असंतोष के बाद जिस कश्मीर की तरफ देशी विदेशी पर्यटक रुख करने लगे थे पिछले दो सालों में वहां किस तरह की परिस्थितियां उत्पन्न हो गयी हैं केंद्र और जम्मू कश्मीर सरकार के लिए आज इस विषय पर गंभीरता से सोचने का समय आ गया है क्योंकि अलगाववादियों के आह्वाहन पर घाटी में बंद बहिष्कार एक सामान्य सी घटना बन चुकी थी जिसमें उन दिनों को छोड़कर घाटी पूरी तरह से सामान्य ही रहा करती थी। दुनिया जानती है कि पाकिस्तान घाटी में मुसलमानों की जनसँख्या के आधार ओर…

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